12वीं ‘आर्ट’ के बाद कौन से 5 कोर्स आपके लिए बेहतर रहेंगे?

वर्तमान समय में जॉब को लेकर हर व्यक्ति चिंतित रहता है। आप चाहे पढ़ाई कितनी भी कर लें किंतु अगर आपने सटीकता से अपनी रुचि और भविष्य उन्मुख कोर्सेज का चयन नहीं किया है तो जॉब मिलना आपके लिए दूर की कौड़ी साबित हो सकती है।

खासकर 12वीं के बाद हर बच्चे के सामने कई रास्ते उपलब्ध होते हैं कि वह किस कोर्स में जाए। कई बार ऐसा भी होता है कि लड़के-लड़कियां 12वीं के बाद उन विषयों को वरीयता देते हैं जिनमें उन्हें लगता है कि अच्छी जॉब मिल सकती है। निश्चित रूप से यह एक फैक्टर हो सकता है, लेकिन अगर सिर्फ इसी के आधार पर आप कोर्सेज का चयन करते हैं तो यह आपके लिए नुकसानदायक भी हो सकता है।

आइए आपको बताते हैं कुछ कोर्सेज के बारे में जो 12वीं के बाद आप आगे की दिशा के लिए चुन सकते हैं।

बैचलर ऑफ आर्ट्स (Bachelor of Arts – B.A) 

सामान्य लैंग्वेज में इसको ‘बीए’ कहा जाता है। अगर आपने 12वीं आर्ट से की है तो 3 साल का यह अंडर ग्रैजुएट डिग्री कोर्स आपके लिए उपलब्ध है। यह बेहद कॉमन कोर्स है और इसमें आप तभी एडमिशन लें, जब आपका किसी खास सब्जेक्ट में इंटरेस्ट हो। वह चाहे इंग्लिश लिटरेचर हो, पॉलिटिकल साइंस हो, इकोनॉमिक्स, सोशियोलॉजी, फिलॉसफी, हिस्ट्री या कोई और ऐसा ही सब्जेक्ट हो।

अगर आपको किसी खास सब्जेक्ट में रुचि नहीं है तो सिर्फ ग्रेजुएशन के नाम पर इस कोर्स में दाखिला लेना आप के समय की बर्बादी है। हालांकि यह भी सच है कि 12वीं के बाद ग्रेजुएशन करना हर किसी के लिए इंपॉर्टेंट और जरूरी है, किंतु अगर आप सिर्फ खानापूर्ति के लिए कोर्स कर रहे हैं तो आपको साथ में जॉब ओरिएंटेड ट्रेनिंग भी अवश्य लेनी चाहिए। मतलब साफ है कि या तो किसी विषय में आप रूचि रखते हैं और उसमें महारत हासिल करना चाहते हैं तब आप अपने 3 साल का कीमती समय इसमें दे सकते हैं।

किंतु अगर सिर्फ खानापूर्ति करनी है तो आप इस कोर्स में एडमिशन लेने के बाद कोई दूसरी ट्रेनिंग ले सकते हैं जिससे आपके 3 साल का समय उपयोगिता के साथ व्यतीत हो। हालांकि सिर्फ बीए करने के बाद भी तमाम सेक्टर में जॉब मिलती हैं लेकिन फिर आपको कंपटीशन की राहों से गुजरना होता है। ऐसे में अगर कॉम्पटीशन ही करना है, तो क्यों ना शुरू से ही इसकी तैयारी करें। जैसे बैंकिंग सेक्टर, पब्लिक-एडमिनिस्ट्रेशन, मार्केटिंग और सेल्स इत्यादि से सम्बंधित क्षेत्र।

बैचलर ऑफ आर्ट्स इन फाइन, परफॉर्मिंग, विजुअल सेक्टर (Bachelor of Arts (B.A) in Fine/Performing/Visual Arts)

इसमें कहीं ना कहीं स्किल पर ज्यादा ध्यान दिया जाता है। उदाहरण के लिए डांसिंग, पेंटिंग, फिल्म मेकिंग, डिजाइनिंग इत्यादि। आजकल इस तरह के दूसरे इंटरएक्टिव कोर्स स्टूडेंट्स को खासा आकर्षित कर रहे हैं।

इस कोर्स को करने के बाद आप एग्जीबिशन, डिज़ाइनर, इलस्ट्रेटर, आर्टिस्ट, सेकेंडरी स्कूल टीचर, म्यूजियम क्यूरेटर, गैलरी क्यूरेटर इत्यादि बन सकते हैं। मतलब साफ है कि अगर आपने विजुअल, फाइन या परफॉर्मिंग आर्ट्स में से अंडर ग्रैजुएट कोर्स पूरा कर लिया तो आप अपनी रुचि अनुसार अपना कैरियर खुद गढ़ सकते हैं।

बैचलर ऑफ़ डिजाइन इन एनीमेशन (Bachelor of Design (B.Des) in Animation)

आज का समय ग्रैफिक्स और वेब डिजाइन का है और इससे अगली स्टेज एनिमेशन की है। एक से बढ़कर एक एनिमेटेड फिल्में बन रही हैं, वीडियोस बन रहे हैं, यूट्यूब के चैनल क्रिएट हो रहे हैं तो क्या आप भी इसमें अपनी रुचि देखते हैं? 2D, 3D एनीमेशन अगर आपने बेहतर ढंग से सीख लिया तो मार्केट में हायर सैलरी आपका इंतजार पलकें बिछाए कर रही है।

हालांकि इसमें थोड़ा बहुत ज्ञान आपके लिए बहुत लाभदायक नहीं हो सकता है, इसीलिए इस कोर्स में एडमिशन लेने के साथ ही आप प्रैक्टिकल ज्ञान भी लेना शुरू कर दें। इस कोर्स को पूरा करने के बाद इंटीरियर डिजाइनर, टैक्सटाइल डिजाइनर, ग्राफिक डिजाइनर इत्यादि में आपके लिए जॉब भी उपलब्ध होंगी और आप खुद भी इसके द्वारा लोगों को चकाचौंध कर सकते हैं।

बीए एलएलबी (BA – LLB (Bachelor of Arts & Bachelor of Laws))

जी हां! वकालत का प्रोफेशन भी खासा अट्रैक्टिव माना जाता है। 12वीं के बाद 5 साल का यह डुअल डिग्री प्रोफेशनल प्रोग्राम कानूनी क्षेत्र में कई छात्रों की रुचि बढ़ा रहा है।

इस कोर्स को पूरा करने के बाद आप स्वतंत्र वकील के तौर पर अपनी प्रैक्टिस कर सकते हैं। इसके अलावा कॉरपोरेट लॉयर, हुमन रिसोर्स स्पेशलिस्ट, लेबर और एंप्लॉयमेंट लॉयर, लीगल कंसलटेंट इत्यादि बन सकते हैं। और अगर आपने कानून की अच्छी जानकारी हासिल कर ली तो ना इस क्षेत्र में पैसे की कमी है और ना ही मौके की।

बीएचएम – बैचलर आफ होटल मैनेजमेंट हॉस्पिटैलिटी ऑफ ट्रैवल (BHM in Hospitality & Travel

यह कोर्स भी काफी पॉपुलर रहा है। दुनिया भर में जैसे-जैसे ट्रेवल ऑप्शन बढ़ रहे हैं, वैसे-वैसे होटल इंडस्ट्री का भी विस्तार हुआ है। लोगों में हॉस्पिटैलिटी को लेकर उत्सुकता बढ़ी है। इसलिए ‘टेन प्लस टू’ करने के बाद आप इस कोर्स को ज्वाइन कर सकते हैं। इस कोर्स को करने के बाद ट्रैवल और टूर आपरेटर के तौर पर आप काम कर सकते हैं।

एयरलाइंस, एयरपोर्ट पर भी आप काम कर सकते हैं। ऑनलाइन ट्रैवल वेबसाइट्स में आपके लिए मौका है। वीजा और ट्रैवल, डॉक्यूमेंट सर्विस फॉर्म में काम कर सकते हैं। रिसोर्ट के साथ टूरिस्ट इनफॉरमेशन ऑफिसेज में कार्य कर सकते हैं।

कोई भी कोर्स करते समय यह ध्यान देना आवश्यक है कि आपकी रुचि क्या है और आप किस दिशा में जाना चाहते हैं। हालांकि प्लस टू करने के बाद बहुत कम बच्चे इसको सटीकता के साथ समझ पाते हैं और नतीजा यह होता है कि जब उनको यह बात समझ में आती है तब उनको पता चलता है कि संभवतः उन्होंने गलत कोर्स का चयन कर लिया है।

ध्यान रहे कोर्स कोई भी बुरा नहीं है, किंतु आप क्या चाहते हैं और आप किस स्तर तक जाना चाहते हैं, यह बड़ा इंपॉर्टेंट है। जो भी कोर्स ज्वाइन करें, उसमें पूरी तन्मयता के साथ न केवल एकेडमिक और कॉलेज की शिक्षा लें, बल्कि संबंधित इंडस्ट्री में भी अपना एक्सपोजर विस्तार में देखें। फिर कोई कारण नहीं है कि आप एक बेहतर कैरियर के अधिकारी नहीं होंगे।