एजुकेशन लोन की एबीसी

पढ़ाई से महत्वपूर्ण वर्तमान में कुछ और नहीं रह गया है. हर एक मां-बाप चाहते हैं कि उनका बच्चा बेहतर से बेहतर शिक्षा हासिल करे. बेहतर और उच्च शिक्षा के लिए बेशक उनकी क्षमता हो या ना हो, लेकिन वह किसी प्रकार की कमी नहीं आने देना चाहते हैं. इसके लिए वह कैसे भी पैसे का जुगाड़ करते हैं और अगर किसी और ढंग से पैसे का जुगाड़ नहीं होता है तो एजुकेशन लोन की तरफ ही विद्यार्थी बढ़ता है.

पर क्या है इसकी प्रक्रिया और कैसे आप इसे प्राप्त कर सकते हैं… आइए जानते हैं!

एजुकेशन लोन इंडियन सिटीजंस के लिए है. जो छात्र किसी प्रोफेशनल या किसी टेक्निकल कोर्स में दाखिला लेते हैं, बेशक वह चाहे इंडिया में स्टडी करें या फिर ओवरसीज में, लेकिन वह एजुकेशन लोन के पात्र होते हैं.

देश में पढ़ाई के लिए जहां 1000000 रुपए वहीं विदेश में पढ़ाई के लिए ₹2000000 का ऋण मिलता है. कुछ और जानकारियों की बात करें तो चार लाख से कम का अगर एजुकेशन लोन आप लेते हैं तो किसी सिक्योरिटी की आवश्यकता नहीं होती है लेकिन जब यह राशि 400000 से अधिक हो जाती है तब किसी व्यक्ति की गारंटी आवश्यक होती है. यह वह व्यक्ति होता है जिसकी क्षमता लोन अमाउंट से अधिक हो. सात लाख से अधिक के अमाउंट के लिए आपको अगल गारंटी देनी पड़ती है.

जब आप का कोर्स खत्म हो जाता है, उसके 6 महीने से 1 साल के भीतर आपको रीपेमेंट करना स्टार्ट कर देना होता है. कई व्यक्तियों के मन में प्रश्न उठता है कि यह लोन कितने समय में चुकाया जा सकता है तो एजुकेशन लोन चुकाने की अधिकतम अवधि 15 साल की मानी जाती है. हालांकि अगर आप चाहें तो इसे पहले भी चुका सकते हैं. अलग-अलग बैंकों के अलग-अलग इंटरेस्ट रेट होते हैं. किसी में यह फिक्स रहता है तो किसी में फ्लोटिंग.

हालांकि यह सारी जानकारी आपको लोन लेने से पहले ही पता कर लेनी चाहिए. आपको यह भी जान लेना चाहिए कि इनकम टैक्स के नियमों के मुताबिक ब्याज के रूप में जो रकम आप जमा करते हैं, उस पर इनकम टैक्स की छूट मिलती है.

एजुकेशन लोन लेने के लिए जिन कागज़ातों की आवश्यकता होती है, उसमें जिस कॉलेज में आप एडमिशन ले रहे हैं उसका सम्बंधित अथॉरिटी से एफीलिएशन होना आवश्यक होता है, तो जो स्टूडेंट लोन लेना चाहता है वह 12वीं पास होना चाहिए. संस्थान द्वारा दिया गया ऐडमिशन लेटर, फीस स्ट्रक्चर, 10वीं और 12वीं की मार्कशीट और दूसरे आपके आईडी और एड्रेस प्रूफ की आवश्यकता होती है

ध्यान रखने वाली बात है कि आपको एजुकेशन लोन मुख्य रूप से कॉलेज और हॉस्टल की फीस, लाइब्रेरी, एग्जामिनेशन और लेबोरेटरी की फीस, बुक्स, कंप्यूटर और दूसरी जरूरी डिवाइसेज खरीदने की फीस, कॉशन मनी के डिपॉजिट के लिए फीस, बिल्डिंग फंड और अगर कोई दूसरा रिफंडेबल अमाउंट डिपॉजिट करना है, उसकी फीस अगर आप फॉरेन में पढ़ते हैं तो आने जाने का ट्रैवल एक्सपेंस यहां तक कि इस लोन के अमाउंट से आप बाइक भी खरीद सकते हैं, जिसे आप पढ़ाई लिखाई के लिए उपयोग में ला सकते हैं.

ध्यान रखने वाली बात यह है कि एजुकेशन लोन लेने से पहले आप कौन सा कोर्स कर रहे हैं, इसके बारे में ठीक ढंग से सोच-विचार कर लें. अगर आपका फाइनेंसियल बैकग्राउंड बहुत ज्यादा स्ट्रांग नहीं है तो किसी हालत में पढ़ाई के बाद आपको अच्छी नौकरी मिलना आवश्यक हो जाती है.

अगर अच्छी नौकरी नहीं मिलती है तो फिर लोन आप के सर पर बोझ के रूप में आ खड़ा होता है. ऐसी स्थिति में आवश्यक है कि आप कोर्सेज का चयन बेहद सावधानी से करें.

आप के मन में कोई और प्रश्न हो तो बेहिचक कमेंट-बॉक्स में पूछें या फिर हमसे संपर्क करें.